मुसलमान भाइयों-बहनों से अपील - अभिरंजन कुमार

अगर मेरी पहचान को हिन्दुत्व से न जोड़ें, तो अपने मुसलमान भाइयों-बहनों से एक अपील करूंगा। वो ये कि आपके सबसे बड़े दुश्मन ये आज़म ख़ान, मुलायम सिंह, इमरान मसूद और बुखारी टाइप लोग हैं। पहले इनसे बचिए। मोदी और अमित शाह अगर मारेगा भी तो सामने आकर मारेगा, लेकिन ये लोग वर्षों से आपकी पीठ में छुरा घोंप रहे हैं और घोंपते रहेंगे। ये लोग आपकी आस्तीन में पल रहे सांप हैं। सबसे पहले इन्हें दूध पिलाना बंद कीजिए।
ये लोग सिर्फ़ आपको डरा सकते हैं, आपकी और हिन्दुओं की भावनाओं को भड़काकर आप दोनों को लड़ा सकते हैं, लेकिन आपको दे कुछ भी नहीं सकते। अगर आज तक कुछ दिया हो, तो बताइए।

और ख़ासकर ये जो मुलायम सिंह नाम के महापुरुष हैं, जो बलात्कारी लड़कों के वकील और पीड़ित बहन-बेटियों के ज़ख्म पर नमक छिड़कने का धंधा करते हैं, उनके पास अपने वंश-खानदान का पेट भरने से कुछ बचेगा, तब तो आपको देंगे। ये महाशय ख़ुद मैनपुरी से निवर्तमान एमपी हैं। बेटे अखिलेश को यूपी का सीएम बनवा रखा है। सगे भाई शिवपाल यादव को अखिलेश सरकार में मंत्री बनवा दिया है। चचेरे भाई रामगोपाल यादव को राज्यसभा सांसद बनवा रखा है। भतीजे धर्मेंद्र यादव को बदायूं से एमपी बनवा रखा है।
दोस्तो, सबसे पहले रंगे सियारों से सावधान हो जाइए। आप मोदी और अमित शाह जैसों के ख़िलाफ़ चाहे जिसे भी वोट दे देना, लेकिन मुलायम सिंह की पार्टी को भूलकर भी मत देना। ...और अपनी कौम के उन फ़र्ज़ी नेताओं को भी कभी जीतने मत देना
और सबसे ज़बर्दस्त बात यह कि जिन मुलायम सिंह ने 24 मार्च 2010 को लोकसभा में कहा था कि "अगर महिला आरक्षण विधेयक पास हो गया, तो संसद में उद्योगपतियों और अधिकारियों की ऐसी-ऐसी लड़कियां आ जाएंगी, जिन्हें देखकर लड़के (सांसद) पीछे से सीटी बजाएंगे", उन्हीं ने अपनी ख़ूबसूरत पुत्रबधू डिंपल यादव को कन्नौज से निर्विरोध जितवाकर संसद में भेज दिया। इसलिए अगर कभी वे आपसे मिलें, तो पूछिएगा ज़रूर कि जो लड़के (सांसद) दूसरे परिवारों की महिलाओं को संसद में देखकर सीटी बजाते हैं, वे क्या आपके परिवार की महिलाओं को देखकर सरस्वती वंदना गाने लगते हैं?

जबसे यूपी में अखिलेश सीएम और मुलायम सिंह सुपर-सीएम बने हैं, तबसे हर इलाके में दंगे और मार-काट का आलम है। 150 से ज़्यादा दंगे हो चुके हैं। मुज़फ्फरनगर के दंगे नहीं संभाल पाने वाले मुलायम, पीड़ितों को राहत पहुंचाने की बजाय सैफई में बैठकर फूहड़ गानों पर बॉलीवुड हीरोइनों का नाच देखने वाले मुलायम, जिनकी सरकार को अदालत तक ने दंगे नहीं संभाल पाने का ज़िम्मेदार माना है, वे क्या खाकर मुसलमानों के मसीहा हो जाएंगे भाई? ऐसे नेता आपको सिर्फ़ लड़वा सकते हैं, मरवा सकते हैं, आपकी लाशों पर अपने वंश-खानदान की राजनीति चमका सकते हैं, आपको दे कुछ भी नहीं सकते।

इसलिए दोस्तो, सबसे पहले रंगे सियारों से सावधान हो जाइए। आप मोदी और अमित शाह जैसों के ख़िलाफ़ चाहे जिसे भी वोट दे देना, लेकिन मुलायम सिंह की पार्टी को भूलकर भी मत देना। ...और अपनी कौम के उन फ़र्ज़ी नेताओं को भी कभी जीतने मत देना, जो बांहें चढ़ा-चढ़ाकर मारने-काटने की बात करते हैं। आपके सबसे बड़े दुश्मन ऐसे ही फूहड़, स्वार्थी और अक्ल के अंधे लोग हैं, जो आपको और हिन्दुओं को एक-दूसरे के ख़िलाफ़ खड़ा करके मन ही मन अपनी तीरंदाज़ी पर ख़ुश होते हैं, आपके जलते मकानों को देखकर बांसुरी बजाते हैं और आपकी पीढ़ियों को बर्बाद कर अपनी सात पुश्तें आबाद करने में जुटे रहते हैं।

# अभिरंजन कुमार [लेखक वरिष्ठ पत्रकार हैं । ये उनके निजी विचार हैं]

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