CARTOON : महंगाई डायन पर्व-त्योहार भी खाए जात है...

महंगाई बेतहाशा बढ़ती जा रही है. हाल ही में छठ का पर्व बीता है. बाजार में शायद ही कोई ऐसा सामान रहा जो पचास रुपए से कम का रहा हो.
पूजा के लिए पूरा एक फल खरीदना भी लोगों के लिए मुश्किल साबित हो रहा है. बाजार में कई लोग ऐसे मिले जिन्होंने कभी फल काट कर नहीं चढ़ाया - मगर इस बार टुकड़ों से की काम चलाना पड़ा. हाय रे महंगाई. सब चुपचाप सहते जाना है.

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